सुरक्षा और अच्छे जिम वाले होटल तक मुहैया नहीं करा पा रहा है ICC

हर गुजरते दिन के साथ वर्ल्ड कप-2019 की तैयारियों को लेकर आईसीसी की कमी सामने आती जा रही है. ऐसे में जबकि बारिश के दौरान मैदान को पूरी तरह ढकने की असमर्थता की बात सामने आ रही है, एक अन्य मसले के कारण आईसीसी की फजीहत हो रही है. ऐसा पता चला है कि आईसीसी ने भारतीय खिलाड़ियों को प्राइवेट जिम में वर्कआउट करने को कहा है कि क्योंकि वे जिन होटलों में रह रहे हैं, उनमें वर्कआउट करने के लिए पर्याप्त सुविधा नहीं है.

 नहीं हैं होटल में पर्याप्त इक्वीपमेंट

एक समाचार एजेंसी की क्रिकेट वेबसाइट से बात करते हुए एक सूत्र ने कहा कि खिलाड़ियों के लिए बुक किए गए होटलों के जिम में उनकी जरूरतों के लिहाज से पर्याप्त इक्वीपमेंट नहीं हैं और इसीलिए भारतीय खिलाड़ियों को प्राइवेट जिम में वर्कआउट करने के लिए अलग से पास मुहैया कराया गया है. पूरे मामले की जानकारी रखने वाले सूत्र ने कहा, ‘हां, टीम होटलों में रखे गए इक्वीपमेंट पर्याप्त नहीं हैं. भारतीय खिलाड़ी इन दिनों प्राइवेट जिम में वर्कआउट कर रहे हैं क्योंकि वे वहीं अपनी जरूरत और मैच के अनुसार वर्कआउट कर सकते हैं.’

सिर्फ यही एक समस्या नहीं है, जिससे खिलाड़ी जूझ रहे हैं. विश्व कप जैसे इवेंट में पहले दिन से ही खिलाड़ियों को इस तरह की सुविधा मुहैया कराई जानी चाहिए कि वे सबकुछ भूलकर सिर्फ अपनी फिटनेस और मैच पर ध्यान दे सकें. इसके अलावा भी कई अन्य समस्याएं हैं.

सूत्र ने कहा, ‘ब्रिटेन के होटलों में जिम और स्वीमिंग पूल पर्याप्त संख्या में नहीं हैं. ये कुछ होटलों में पर्याप्त संख्या में और अत्याधुनिक स्थिति में हैं. इंग्लैंड को इस मामले में सुधार की जरूरत है.’ भारतीय टीम के फैन फॉलोइंग को देखते हुए सुरक्षा भी एक अहम मुद्दा है. भारतीय टीम के लिए कई प्रतिबंध लागू किए गए हैं और इससे टीम प्रबंधन को कई तरह की दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है.

सुरक्षा के भी नहीं हैं इंतजाम

सूत्र ने कहा, ‘सुरक्षाकर्मी को कहा गया है कि वे कहीं दिखें नहीं, लेकिन हमें सुरक्षाकर्मियों की जरूरत है क्योंकि हमारे फैन्स की संख्या यहां काफी अधिक है. फैन्स बड़ी संख्या में होटलों में आते हैं, ताकि वे अपने पसंदीदा खिलाड़ियों की झलक देख सकें.’ इन सबके अलावा भारतीय क्रिकेटरों के लिए यात्रा भी एक सिरदर्द रहा है. खिलाड़ियों से बसों में यात्रा करने को कहा जा रहा है, जबकि रेलगाड़ी से यात्रा करने से काफी समय बचता है.

सूत्र ने कहा, ‘इंटरसिटी यात्रा अभी भी बसों में हो रही है, जबकि इंग्लिश प्रीमियर लीग में फुटबॉल खिलाड़ी अब समय बचाने के लिए रेलगाड़ी में इंटरसिटी यात्रा करते हैं.’ बीसीसीआई के एक सीनियर अधिकारी ने कहा कि यह काफी दुखदाई है, क्योंकि भारत जब कोई आईसीसी इवेंट का आयोजन करता है, तो उसकी मांगों को पूरा करना कठिन हो जाता है.

अधिकारी ने कहा, ‘आईसीसी चाहता है कि लोग इस विश्व कप को सिर्फ बारिश नहीं, बल्कि संचालन से जुड़ी अनगिनत समस्याओं के लिए याद करें. हम जब कोई आईसीसी इवेंट कराते हैं, तो उनकी मांग इतनी होती है कि मानो कोई राष्ट्राध्यक्ष भारत दौरा कर रहा हो. मैच रेफरी तक के लिए पुलिस सुरक्षा की मांग की जाती है. वहां ब्रिटेन में यह आलम है कि होटलों तक में पर्याप्त सुविधाएं नहीं हैं, जबकि इस वर्ल्ड कप के लिए आईसीसी का बजट भारत में होने वाले आयोजनों से कहीं अधिक है.’